1अब अरे भई हुन अर बहिन हुन, हम ख तुम ख परमेस्वर को उ ही किरपा को सुसमाचार देवा हैं जे मकिदुनिया कि कलीसिया हुन ख दियो गयो हैं।2कि दुख की बड़ी परीक्छा म उन ख बडो खुसी अर भारी कंगाल दसा म उनकी उदारता म बेजा बढ़ गई।3अऊर उनका बारा म मोरी यू गवाही हैं कि उन न अपनी सक्ति को अनुसार अर ओसे भी जादा खुद कि मर्जी से दान दियो हैं।4अर यू दान म अऊर सुध्द अदमी हुन की सेवा म सहभागी होन का दया को बारा म, हम से बार बार बेजा प्रार्थना करी,5अऊर जसो हम न आसा करी हती, असो ही नी याने उन न प्रभु ख फिर परमेस्वर कि इच्छा से हम ख भी अपनो स्वंय ख दे दियो।6एकोलाने हम न तीतुस ख विनती कियो कि जसो ओ न पहले से सुरवात करियो हतो, असो ही तुमारो बीच म यू दान को काम ख पूरो भी कर ले।7एकोलाने जसो तुम हर बात हुन याने कि विस्वास, वचन, ग्यान अर सब तरीका को कोसिस म, अऊर उ प्रेम म जे हम से रख हैं, बढ़ते जाय हैं, वसो ही यू दान की खुसी म भी बढ़ते जाओ।8मी यू सम्बन्ध म कोई आदेस नी दे रयो हूँ, पर दूसरा लोग हुन को खुसी से तुमरो प्रेम कि सच्चाई किपरखन ख लाने कहू हैं।9तुम हमारो लाने प्रभु यीसु मसी को दया जान हैं कि उ धनी होय ख भी तुमारो लाने कंगाल बन गयो, काहेकि ओखा कंगाल हो जाना से तुम धनी होय जाव।10तेबी यी बात म मोरी विचार यी हैं: यू तुमारो लाने चोक्खो हैं, जे एक साल से नी ते अकेलो यू काम ख करन ही म, पर यी बात ख चाह म भी पहलो भयो हते,11एकोलाने अब यू दान काम पूरो कर कि जसो इच्छा करन म तुम तैयार हते, वसो ही अपनी-अपनी सम्पत्तिको अनुसार पूरो भी कर।12काहेकि अदि ऐकी दान देवन कि इक्छा हैं ओकी इक्छा अनुसार माना भी होए हैं जो ओखा नजीक हैं, नी कि ओखा अनुसार जो ओखा नजीक नी हैं।13हम यू नी की चावा दूसरा हुन ख चैन अऊर तुम ख दुख मिले, पर बराबरी को विचार म14यू बखत तुमारी बढती ओ की घटी म काम आये हैं, काहेकि ओकी बढती भी तुमारी घटी म काम आय हे कि बराबर हो जाहे।15जसो सुध्द सास्र लिखो हैं, “जेन बेजा ढूँढ लियो हतो, अर ओखा नजीक जादा नी निकलो अऊर जेन थोड़ा म ढूँढ लियो हतो, ओखा नजीक कम ही नी निकलो।”
तीतुस अर ओखा संग काम करन वाला अदमी हुन
16परमेस्वर को धन्यवाद हो, जेन तीतुस को मन म खुद लोग हुन का लाने मोरो जसो खुसी पैदा करियो हैं।17उन न मोरो बात हुन ख मान लियो अऊर अब उ अपनी मर्जी से बड़ी खुसी से खुद का नजीक आ रया हैं।18हम न ओखा संग उ भई ख भी भेजा रैया हैं जे सुभ सुसमाचार को प्रचार को कारन सब कलीसिया हुन म खुसी को लायक हैं;19अऊर इतनो ही नी, पर उ कलीसिया दुवारा रखियो भी गयो कि यू दान को काम हुन को लाने हमारो संग जाहे। हम यू सेवा एकोलाने करिये हैं कि प्रभु की महिमा अर हमारो मन की तैयारी प्ररगट हो जाहे।20हम यी बात म सतरक रवह हैं कि यी उदारता को काम का बारा म जे कि सेवा हम करिये हैं, कुई हम पर दोस नी लगा सके।21काहेकि नी अकेलो प्रभु ही को देखन म, अऊर अदमी हुन कि देखना म भी चोक्खो व्यवहार करन म ध्यान करिये हैं।22हम न ओखा संग अपनो भई ख भी भेज दियो हैं, जे ख भी भेज दियो हैं, जे ख हम न बार बार परख को बेजा बात हुन म खुसी मिली हैं; पर अब तुम पर ओ ख बडो भरोसा हैं, यू कारन उ अर भी बेजा खुस हैं।23जहाँ तक कुई तीतुस का बारा म पुछे, उ तुम लोग हुन का बीच मोरी अर धर्म सेवा का दोस्त अर संग म काम करन वालो आय; अर हमारो दुसरा भई हुन को बारा म पुछे, ते वी कलीसिया हुन को भेजा हुए अऊर मसी की महिमा करी हैं।24एकोलाने तुम कलीसिया हुन का बारा म उन ख अपनो प्रेम को नमस्कार दे कि हम तुम पर जे गर्व करिये हैं, उ अच्छो ही हैं।